धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड (HPBoSE) से संबद्ध निजी स्कूलों में अब मनमानी किताबों का दौर खत्म होगा। शिक्षा की गुणवत्ता और एकरूपता सुनिश्चित करने के लिए बोर्ड अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा ने सख्त आदेश जारी किए हैं कि सभी निजी विद्यालय केवल बोर्ड द्वारा निर्धारित बुक डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर या अधिकृत सेलर्स से ही पाठ्यपुस्तकें खरीदेंगे। निर्देशों के अनुसार, स्कूलों को विद्यार्थियों की संख्या के आधार पर ही पुस्तकें लेनी होंगी और शिक्षण कार्य केवल बोर्ड द्वारा अनुमोदित (prescribed) किताबों से ही संचालित करना होगा।
नियमों के पालन के प्रति गंभीरता दिखाते हुए बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि 30 मई 2026 तक सभी स्कूलों को अपने खरीद बिलों का डिपो से सत्यापन करवाकर संबद्धता शाखा (Affiliation Branch) में जमा करना अनिवार्य है। इस आदेश की अवहेलना करने वाले स्कूलों पर न केवल कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी, बल्कि गंभीर मामलों में उनकी मान्यता (Affiliation) भी रद्द की जा सकती है, ताकि छात्रों और अभिभावकों के हितों से कोई समझौता न हो सके।















