धर्मशाला का खूबसूरत हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (HPCA) स्टेडियम क्रिकेट इतिहास के एक बेहद दिलचस्प और अनोखे संयोग का गवाह बना हुआ है। इस मैदान पर भारत और अफगानिस्तान के बीच खेला गया मुकाबला यहां का 11वां वनडे मैच था। इस मैदान की सबसे बड़ी खासियत यह रही है कि यहां अब तक खेले गए सभी वनडे मैचों में टॉस जीतने वाली हर टीम ने बिना किसी अपवाद के पहले गेंदबाजी करने का ही फैसला चुना है।
इस स्टेडियम का इतिहास जितना रोमांचक है, उतना ही यह मौसम के मिजाज से भी प्रभावित रहा है। इस मैदान पर खेले गए कुल वनडे मैचों में से साल 2020 में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच होने वाला मुकाबला बारिश की वजह से बिना एक भी गेंद फेंके रद्द करना पड़ा था। इसके अलावा यहां आयोजित सभी वनडे मैच पूरे 50-50 ओवर के खेले गए हैं, लेकिन साल 2023 में नीदरलैंड्स और दक्षिण अफ्रीका के बीच हुए मुकाबले में बारिश ने खलल डाला था, जिसके कारण अंपायरों को मैच घटाकर 43-43 ओवर का करना पड़ा था।
अगर इस मैदान पर ओवरऑल इंटरनेशनल क्रिकेट के आंकड़ों पर नजर डालें, तो धर्मशाला में अब तक कुल 26 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले आयोजित किए जा चुके हैं। इनमें 2 टेस्ट, 10 वनडे, 12 टी20 अंतरराष्ट्रीय और 2 महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच शामिल हैं। पहाड़ी मौसम के कारण इन 26 मैचों में से 2 मुकाबले पूरी तरह रद्द करने पड़े, जबकि 2 मैचों का कोई परिणाम नहीं निकल सका और एक मैच का फैसला डकवर्थ-लुईस (DLS) पद्धति के आधार पर तय हुआ।
मेजबान भारतीय टीम का भी इस मैदान से गहरा नाता रहा है। भारतीय टीम ने अब तक धर्मशाला के इस खूबसूरत ट्रैक पर कुल 14 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं, जिसमें 2 टेस्ट, 6 वनडे, 5 टी20 और 1 महिला टी20 मुकाबला शामिल है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के अलावा यह मैदान इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) का भी पसंदीदा वेन्यू रहा है। 16 अप्रैल 2010 को यहां पहले आईपीएल मैच की शुरुआत हुई थी और तब से लेकर अब तक इस मैदान पर कुल 19 आईपीएल मुकाबले खेले जा चुके हैं, जिसमें साल 2025 का एक मैच खराब मौसम की भेंट चढ़ गया था और उसे रद्द करना पड़ा था।




















