बैजनाथ, 04 अप्रैल
उपमंडलाधिकारी कार्यालय बैजनाथ में आज वर्ष 1905 में कांगड़ा में आए विनाशकारी भूकंप की 121वीं वर्षगांठ के अवसर पर आपदा प्रबंधन के तहत एक व्यापक मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य भूकंप जैसी आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया, राहत एवं बचाव कार्यों की तैयारी तथा विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को सुदृढ़ करना रहा।
आयोजित मॉक ड्रिल के दौरान 6.4 तीव्रता के भूकंप की काल्पनिक स्थिति का सजीव प्रदर्शन किया गया जिसमें भवनों के क्षतिग्रस्त होने, लोगों के घायल होने तथा अफरा-तफरी की स्थिति को दर्शाया गया।
इस अवसर पर प्रभारी अग्निशमन केंद्र बैजनाथ विजय कुमार ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भूकंप के दौरान अपनाई जाने वाली सावधानियों, सुरक्षित स्थानों की पहचान तथा राहत एवं बचाव कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि भूकंप के समय घबराने की बजाय संयम बनाए रखना, सुरक्षित स्थानों पर शरण लेना तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना अत्यंत आवश्यक है।
मॉक ड्रिल के दौरान बचाव दल द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए घायलों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया तथा उन्हें प्राथमिक उपचार प्रदान किया गया। इसके अतिरिक्त, आपदा के समय विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय, संचार व्यवस्था तथा राहत कार्यों के संचालन की प्रक्रिया का भी सफलतापूर्वक अभ्यास किया गया।
इस मॉक ड्रिल में प्रशासनिक अधिकारियों, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों के कर्मचारियों ने भाग लिया।
















