सिद्धिविनायक टाइम्स शिमला। हिमाचल प्रदेश में डिजिटल प्रशासन की दिशा में एक नई मिसाल कायम हुई है। बिलासपुर जिला एचपी ई-ऑफिस प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन में प्रदेश स्तर पर शीर्ष स्थान हासिल करने में सफल रहा है। यह प्रणाली राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र द्वारा विकसित ई-ऑफिस उत्पाद पर आधारित है, जिसका उद्देश्य सरकारी कामकाज में पारदर्शिता, दक्षता और जवाबदेही को बढ़ाना है। एचपी ई-ऑफिस के तहत पारंपरिक कागज आधारित फाइलिंग सिस्टम को पूरी तरह डिजिटल माध्यम से बदल दिया गया है। अब फाइलों का निर्माण, डायरीकरण, ट्रैकिंग और रिकॉर्ड प्रबंधन ऑनलाइन होता है, जिससे निर्णय लेने की प्रक्रिया तेज और अधिक प्रभावी बनी है। सुरक्षित वेब-आधारित एक्सेस की सुविधा के कारण अधिकारी कहीं से भी अपने कार्य संपन्न कर सकते हैं, जिससे कार्यालय संचालन में सहजता और गति दोनों बढ़ी हैं।
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प्रदेश के विभिन्न जिलों के मूल्यांकन में बिलासपुर ने 12,887 ई-फाइल्स के साथ पहला स्थान प्राप्त किया, जबकि चंबा और मंडी क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। बड़े जिलों जैसे शिमला, सोलन और कांगड़ा को भी पीछे छोड़ते हुए बिलासपुर का यह शीर्ष स्थान जिला प्रशासन की प्रतिबद्धता और कर्मचारियों की कार्यकुशलता का परिणाम है। उपायुक्त राहुल कुमार ने इस उपलब्धि पर सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि ई-ऑफिस प्रणाली को निष्ठा और जवाबदेही के साथ अपनाने का यह परिणाम है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में बिलासपुर जिला डिजिटल गवर्नेंस के क्षेत्र में लगातार उत्कृष्ट प्रदर्शन करता रहेगा और जनता को पारदर्शी, त्वरित और उत्तरदायी सेवाएं प्रदान करता रहेगा।





















