पालमपुर, 9 मई: हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल श्री कविंद्र गुप्ता ने आज पालमपुर स्थित चौधरी सरवण कुमार कृषि विश्वविद्यालय के सभागार में अखिल भारतीय वाल्मीकि महासभा के 19वें दो-दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन का मुख्य अतिथि के रूप में शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने दीप प्रज्वलित कर महर्षि वाल्मीकि और डॉ. बी.आर. अंबेडकर को पुष्पांजलि अर्पित की। उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि इस प्रकार के सम्मेलन समाज को नई दिशा देने और सामाजिक संवाद को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने एकता और सद्भाव को बढ़ावा देने के लिए महासभा के प्रयासों की सराहना की।
राज्यपाल ने अपने संबोधन में देश में शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्रों में हो रहे सुधारों का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज के कमजोर वर्गों को सशक्त बनाना अनिवार्य है ताकि विकास की मुख्यधारा में कोई भी पीछे न छूटे। उन्होंने जोर दिया कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सामाजिक सद्भाव और समावेशी विकास सबसे आवश्यक कड़ी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले एक दशक में हर वर्ग को समान अवसर सुनिश्चित किए गए हैं।
उन्होंने विशेष रूप से वाल्मीकि समुदाय के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि ‘स्वच्छ भारत मिशन’ को एक जन आंदोलन बनाने में इस समाज की भूमिका अतुलनीय रही है। स्किल इंडिया और राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग जैसी योजनाओं के माध्यम से सफाई कर्मचारियों और वंचित परिवारों के जीवन स्तर में सुधार के निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम के अंत में राज्यपाल ने लोगों से शिक्षा, जागरूकता और एकजुटता के साथ राष्ट्र निर्माण में अपनी जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. ए.के. पांडा सहित महासभा के विभिन्न राज्यों के पदाधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।




















