सिद्धिविनायक टाइम्स शिमला। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री आगामी दिल्ली दौरे के दौरान प्रदेश की महत्वपूर्ण आर्थिक और आपदा संबंधी चुनौतियों को केंद्र सरकार के समक्ष रखेंगे। इस दौरे में मुख्यमंत्री केंद्रीय वित्त मंत्री और केंद्रीय वाणिज्य मंत्री से उच्चस्तरीय बैठक करेंगे, जिसमें आगामी बजट, आपदा राहत और सेब सहित फल उद्योग से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा होगी। मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने बताया कि वर्ष 2023 और 2024–25 में भारी बारिश और प्राकृतिक आपदाओं के कारण हिमाचल प्रदेश को काफी आर्थिक क्षति हुई है, जिसे दूर करने के लिए राज्य सरकार केंद्र से लगातार संवाद कर रही है। वहीं, न्यूजीलैंड के साथ किए गए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) के तहत आयात ड्यूटी में कटौती को लेकर मुख्यमंत्री ने चिंता जताई है, क्योंकि इससे प्रदेश के सेब और अन्य फलों के किसानों और अर्थव्यवस्था पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
यह भी पढ़ें:https://sidhivinayaktimes.com/imachal-seeks-higher-revenue-deficit-grant-froinance-commission/
मुख्यमंत्री इस मुद्दे को वित्त मंत्री, वाणिज्य मंत्री और भविष्य में प्रधानमंत्री के समक्ष भी उठाएंगे, ताकि आयात और घरेलू उत्पादन में संतुलन स्थापित हो सके। साथ ही, उन्होंने प्रदेश में हाल ही में हुई अग्निकांड की घटनाओं पर भी संवेदना व्यक्त की और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया। यह दौरा प्रदेश के लिए वित्तीय और कृषि सुरक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों की दिशा तय करने में निर्णायक साबित होने की संभावना रखता है।





















