सिद्धिविनायक टाइम्स शिमला। कुल्लू जिला प्रशासन द्वारा नशे के बढ़ते खतरे से निपटने के लिए एन-कोर्ड के तहत एक महत्वपूर्ण जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता उपायुक्त तोरुल एस. रवीश ने की। बैठक में पुलिस अधीक्षक मदन लाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया और जिले में नशा उन्मूलन के लिए अब तक किए गए प्रयासों की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने कहा कि चिट्टे जैसे घातक नशे पर प्रभावी नियंत्रण के लिए पंचायत स्तर पर सशक्त निगरानी तंत्र विकसित करना आवश्यक है और इसके लिए चिन्हित संवेदनशील पंचायतों में गठित नशा निवारण समितियों को और अधिक सक्रिय किया जाएगा। उन्होंने शिक्षा संस्थानों को भी इस अभियान से जोड़ते हुए विद्यालयों और महाविद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रमों को तेज करने के निर्देश दिए, ताकि युवा वर्ग को नशे से दूर रखा जा सके।
यह भी पढ़ें:https://sidhivinayaktimes.com/national-voters-day-to-be-held-at-gaiety-theatre-on-jan/
बैठक में नशीले पदार्थों की अवैध आपूर्ति पर रोक लगाने के लिए विशेष जांच अभियान चलाने, मेडिकल स्टोरों की नियमित जांच और आपसी विभागीय समन्वय को मजबूत करने पर सहमति बनी। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि नशा मुक्त समाज का लक्ष्य तभी हासिल किया जा सकता है जब प्रशासन के साथ-साथ आम नागरिक, पंचायत प्रतिनिधि, शिक्षक और अभिभावक भी इस मुहिम में सक्रिय भूमिका निभाएं।





















