पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट जिला सलाहकार समिति की बैठक आयोजित
क्लीनिक व अल्ट्रासाउंड केंद्रों के नियमित औचक निरीक्षण के निर्देश
धर्मशाला, 25 अगस्त: यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी, कांगड़ा डॉ. ओमेश कुमार भारती की अध्यक्षता में सोमवार को सीएमओ कार्यालय धर्मशाला में गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक (पीसी एंड पीएनडीटी) अधिनियम, 1994 के तहत गठित जिला सलाहकार समिति व जिला उपयुक्त प्राधिकरण की बैठक में दी। इस मौके पर जिला के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों से प्राप्त 16 आवेदनों पर विस्तार से चर्चा की गई, जिसमें से 12 मामलों को मौके पर ही अनुमोदन कर दिया गया, जबकि अन्य को औपचारिक्ताएं पूर्ण करने के निर्देश दिये।
डॉ. ओमेश भारती ने कहा कि खंड चिकित्सा अधिकारियों को अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में स्थापित क्लीनिक व अल्ट्रासाउंड केंद्रों का नियमित औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। विशेष रूप से राज्य की सीमा से सटे क्षेत्रों में संचालित केंद्रों पर निगरानी बढ़ाने को कहा गया। निरीक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर तत्काल नियमानुसार कार्रवाई करने और इसकी रिपोर्ट सीएमओ कार्यालय को भेजने के निर्देश दिए गए।
डॉ. भारती ने सभी संबंधित केंद्रों में ‘यहां भ्रूण की लिंग जांच नहीं होती’ संबंधी बोर्ड साफ दिखाई देने वाली जगह पर अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट के प्रावधानों का उल्लंघन किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बैठक में जिला अटॉर्नी एन.एस चौहान, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.के. सूद, डॉ. मनीषा, एसएमओ डॉ. सुनील भट्ट, गैर सरकारी सदस्य सुनीता, नीलम कुमारी व इंदू कुमारी उपस्थित रहे।
















