सिद्धिविनायक टाइम्स शिमला। बोर्ड परीक्षाओं की उलटी गिनती शुरू होते ही छात्रों के बीच तनाव और बेचैनी बढ़ गई है, लेकिन इसी नाज़ुक दौर में हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा का एक सख्त और प्रेरणादायक संदेश सामने आया है, जिसने छात्रों की सोच को झकझोर दिया है। डॉ. शर्मा ने साफ शब्दों में कहा है कि बोर्ड परीक्षा में कोई शॉर्टकट नहीं होता और न ही नकल से सफलता का रास्ता खुलता है, बल्कि ईमानदारी, कड़ी मेहनत और अनुशासन ही वह ताकत है जो छात्रों को मंज़िल तक पहुंचाती है।
उन्होंने अंतिम समय में घबराने के बजाय रिवीजन और लिखित अभ्यास पर फोकस करने की सलाह देते हुए कहा कि यही वक्त आत्मविश्वास बढ़ाने का है, न कि नए विषयों में उलझने का। साथ ही बोर्ड अध्यक्ष ने नकल के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति दोहराते हुए स्पष्ट किया कि परीक्षाएं पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और भयमुक्त माहौल में करवाई जाएंगी। छात्रों को देश और प्रदेश का भविष्य बताते हुए उन्होंने कहा कि ईमानदार मेहनत कभी व्यर्थ नहीं जाती और उसका फल अवश्य मिलता है, बस ज़रूरत है खुद पर भरोसा रखने और सही रास्ते पर डटे रहने की।


















