सिद्धिविनायक टाइम्स शिमला। धर्मशाला स्थित उपायुक्त कार्यालय में कांगड़ा जिला प्रशासन द्वारा गौवंश संरक्षण को लेकर एक महत्वपूर्ण पहल की गई। उपायुक्त हेमराज बैरवा ने *गौ सेवा नारायण सेवा पोर्टल* का शुभारंभ करते हुए कहा कि इस डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से आम नागरिक अब सीधे गौसदनों की सेवा में आर्थिक योगदान दे सकेंगे। उन्होंने बताया कि जिले में संचालित 24 गौसदनों और 4 गौ-अभ्यारण्यों में लगभग 1800 से अधिक बेसहारा गौवंश को संरक्षण प्रदान किया जा रहा है। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि पोर्टल पर प्राप्त होने वाली धनराशि का पूरा लेखा-जोखा वार्षिक रूप से सार्वजनिक किया जाएगा, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और लोगों का भरोसा मजबूत हो।
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उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस पहल से जुड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि बेसहारा गौवंश की समस्या केवल प्रशासनिक नहीं बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है, जिसके समाधान के लिए जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है। हेमराज बैरवा ने जानकारी दी कि प्रदेश सरकार द्वारा गौपाल योजना के अंतर्गत प्रति गौवंश प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर 1200 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है, जिससे गौपालकों को आर्थिक संबल मिलेगा। साथ ही नए गौसदनों और गौ-अभ्यारण्यों की स्थापना पर भी कार्य किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि गौसदनों में बायोगैस संयंत्र स्थापित करने, नियमित पशु चिकित्सा सेवाएं सुनिश्चित करने और पशु तस्करी पर सख्त निगरानी रखने के निर्देश जारी किए गए हैं। कार्यक्रम से पूर्व पशुपालन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को पोर्टल संचालन का प्रशिक्षण भी दिया गया।
धर्मशाला से शशि भूषण की रिपोर्ट।





















