सिधिविनायक टाइम्स: शिमला। हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज और शहरी निकाय चुनावों के स्थगन को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी विवाद तेज हो गया है। भाजपा नेता और विधायक रणधीर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस सरकार चुनाव टालने की कोशिश कर रही है और इसके लिए गंभीर बहानों की जगह राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर आधारहीन आरोप लगाए। शर्मा ने प्रेस वार्ता में कहा कि यह ध्यान भटकाने की रणनीति है, क्योंकि चर्चा का मूल मुद्दा समय पर चुनाव कराने का था रणधीर शर्मा ने राजस्व मंत्री की टिप्पणियों को पूरी तरह तथ्यहीन बताया और संघ के ऐतिहासिक योगदानों का हवाला देते हुए कहा कि 1962 के भारत-चीन युद्ध, 1975 की आपातकाल, कच्छ भूकंप, उत्तराखंड आपदा और कोरोना जैसी संकट परिस्थितियों में संघ के स्वयंसेवक हमेशा सेवा के कार्य में अग्रणी रहे हैं।
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उन्होंने कहा कि संघ का उद्देश्य राष्ट्र और समाज सेवा है और कांग्रेस के आरोप केवल संघ के बढ़ते प्रभाव और शताब्दी वर्ष की तैयारियों से उत्पन्न बेचैनी को दर्शाते हैं।भाजपा नेता ने कहा कि हिमाचल में आपदा राहत और पुनर्वास कार्यों की जिम्मेदारी राजस्व मंत्री की है, लेकिन मंत्री इन कार्यों से ध्यान हटाकर राजनीतिक आरोपों और विवादों में उलझे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि निजी हताशा को दूसरों पर फोड़ना जनता के प्रति जवाबदेही को कमजोर करता है। अंत में रणधीर शर्मा ने प्रदेश सरकार से चुनाव आयोग पर दबाव डालना बंद करने, समय पर पंचायत और नगर निकाय चुनाव कराने और राजस्व मंत्री से सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की।





















