हिमाचल प्रदेश विधानसभा का 14वीं विधानसभा का दसवां शीतकालीन सत्र इस बार कई विशेषताओं के साथ शुरू होने जा रहा है। धर्मशाला स्थित तपोवन में 26 नवंबर से 5 दिसंबर तक चलने वाले इस सत्र को लेकर विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
अध्यक्ष के अनुसार, यह धर्मशाला में अब तक का सबसे लंबा सत्र होगा, जिसमें पहली बार आठ सिटिंग्स होंगी। इससे पहले अधिकतम सात सिटिंग्स आयोजित हुई थीं। उन्होंने बताया कि इस बार सत्र की तिथियों का निर्धारण पर्यटन को ध्यान में रखकर आगे बढ़ाया गया है। इसके साथ ही हाल ही में धर्मशाला में जोनल कॉन्फ्रेंस भी आयोजित की जा चुकी है।
744 प्रश्न सूचीबद्ध, सभी ऑनलाइन प्राप्त
विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि दसवें सत्र में कुल 744 प्रश्न आए हैं, जिनमें मौखिक और लिखित दोनों तरह के सवाल शामिल हैं। सभी प्रश्न ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त हुए हैं, जबकि विधानसभा की तरफ से दोनों माध्यम उपलब्ध कराए गए थे।
उन्होंने बताया कि नियम 62 के तहत 11 प्रश्न, नियम 63 के तहत 4 प्रश्न, प्राइवेट मेंबर डे पर 7 प्रस्ताव, नियम 130 के तहत 16 सूचनाएं प्राप्त हुई हैं। इसके अलावा नियम 324 के अंतर्गत भी एक विषय प्रस्तुत किया गया है।
पहले दिन विधानसभा डे और शोक प्रस्ताव
अध्यक्ष ने बताया कि सत्र के पहले दिन विधानसभा डे का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद पूर्व विधायक बाबू राम को शोक संवेदना दी जाएगी। इसके साथ ही प्रश्नकाल और अन्य विधायी कार्य भी संचालित किए जाएंगे।
मीडिया की एंट्री सीमित, टूरिज्म को बढ़ावा
विधानसभा परिसर में मीडिया से बातचीत केवल चुने हुए प्रतिनिधि ही कर सकेंगे। अन्य व्यक्तियों को इसकी अनुमति नहीं होगी। उन्होंने यह भी बताया कि इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर की भूमि विधानसभा को ट्रांसफर कर दी गई है। साथ ही विधानसभा परिसर को पर्यटन के लिए भी खोला गया है, जहां छात्रों को निःशुल्क प्रवेश दिया जा रहा है। यह शीतकालीन सत्र कई महत्वपूर्ण मुद्दों और विधायी गतिविधियों के लिए अहम माना जा रहा है।





















