प्रिया शर्मा, कुल्लू23 मार्च, 2026
कुल्लू (लगघाटी): कहते हैं कि अगर इरादे नेक हों और एकता का साथ मिले, तो बड़ी से बड़ी बाधा को पार किया जा सकता है। कुल्लू की लगघाटी के बागन ग्राम के युवाओं ने कुछ ऐसा ही कर दिखाया है। वर्ष 2025 की भीषण प्राकृतिक आपदा में क्षतिग्रस्त हुई सड़कों का पुनर्निर्माण कर स्थानीय युवाओं ने सामुदायिक सेवा की एक अनूठी मिसाल पेश की है।
सरकारी मदद का इंतज़ार किए बिना उठाई जिम्मेदारी
बागन गांव के स्थानीय युवाओं के समूह ‘ॐ शांति ॐ क्लब’ ने सरकारी सहायता की प्रतीक्षा करने के बजाय खुद ही फावड़े और तसले उठा लिए। आपदा के बाद से बागन स्कूल मार्ग और बागन से भढ़ई तक का रास्ता पूरी तरह से जर्जर हो चुका था। लंबे समय से मार्ग अवरुद्ध होने के कारण स्कूली बच्चों और ग्रामीणों को आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
बागन गांव के स्थानीय युवाओं के समूह ‘ॐ शांति ॐ क्लब’ ने सरकारी सहायता की प्रतीक्षा करने के बजाय खुद ही फावड़े और तसले उठा लिए। आपदा के बाद से बागन स्कूल मार्ग और बागन से भढ़ई तक का रास्ता पूरी तरह से जर्जर हो चुका था। लंबे समय से मार्ग अवरुद्ध होने के कारण स्कूली बच्चों और ग्रामीणों को आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
श्रमदान से सुधारे स्कूल और संपर्क मार्ग
क्लब के सदस्यों ने एकजुट होकर कड़ी मेहनत और श्रमदान के माध्यम से इन रास्तों को फिर से चलने लायक बनाया। युवाओं के इस जज्बे की बदौलत अब ग्रामीणों को उबड़-खाबड़ और खतरनाक रास्तों से निजात मिली है। विशेष रूप से स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों के लिए यह कदम किसी वरदान से कम नहीं है।
क्लब के सदस्यों ने एकजुट होकर कड़ी मेहनत और श्रमदान के माध्यम से इन रास्तों को फिर से चलने लायक बनाया। युवाओं के इस जज्बे की बदौलत अब ग्रामीणों को उबड़-खाबड़ और खतरनाक रास्तों से निजात मिली है। विशेष रूप से स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों के लिए यह कदम किसी वरदान से कम नहीं है।
प्रेरणादायक पहल की हर ओर प्रशंसा
स्थानीय निवासियों का कहना है कि लगघाटी का बागन गांव पिछले साल आई आपदा से काफी प्रभावित हुआ था। बुनियादी सुविधाओं के अभाव के बीच युवाओं द्वारा खुद आगे बढ़कर इस तरह का कार्य करना पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणादायक है। ग्रामीणों ने ‘ॐ शांति ॐ क्लब’ के इस निस्वार्थ प्रयास की सराहना करते हुए इसे आत्मनिर्भरता और सामुदायिक सहयोग का बेहतरीन उदाहरण बताया है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि लगघाटी का बागन गांव पिछले साल आई आपदा से काफी प्रभावित हुआ था। बुनियादी सुविधाओं के अभाव के बीच युवाओं द्वारा खुद आगे बढ़कर इस तरह का कार्य करना पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणादायक है। ग्रामीणों ने ‘ॐ शांति ॐ क्लब’ के इस निस्वार्थ प्रयास की सराहना करते हुए इसे आत्मनिर्भरता और सामुदायिक सहयोग का बेहतरीन उदाहरण बताया है।


















