शिमला :-हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का दूसरा चरण 18 मार्च से शुरू हो गया है। इस चरण में प्रदेश की जनता से जुड़े बुनियादी मुद्दों—सड़क, पेयजल और बिजली—पर सदन में गरमागरम बहस होने के पूरे आसार हैं। विधायकों की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि विधानसभा सचिवालय को अब तक विभिन्न जनसमस्याओं पर आधारित लगभग 800 सवाल प्राप्त हो चुके हैं।
सत्र के दौरान विपक्ष बुनियादी ढांचे की खस्ताहाली और आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति में आ रही दिक्कतों पर सरकार को घेरने की रणनीति तैयार कर चुका है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू आगामी 20 मार्च को वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश करेंगे, जिस पर पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हुई हैं। विधानसभा परिसर में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और सत्ता पक्ष व विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक के बीच विकास कार्यों पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है।




















